पिड़ावा। थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम गर्दनखेड़ी में शनिवार को एक युवक द्वारा आत्मघाती कदम उठाने का हृदयविदारक मामला सामने आया है। 25 वर्षीय युवक भेरूलाल पुत्र मोतीलाल दांगी ने खेत में लगे नीम के पेड़ पर रस्सी का फंदा डालकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। घटना की जानकारी मिलते ही गांव में मातम छा गया और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए।
पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से उतारा शव:
घटना की सूचना मिलते ही पिड़ावा थाने से ASI रईस खान और ASI शंभू सिंह मय जाप्ते के तत्काल घटनास्थल पर पहुँचे। पुलिस ने मौका मुआयना करने के बाद ग्रामीणों की मदद से डेड बॉडी को फंदे से नीचे उतारा। शव को पोस्टमार्टम और अग्रिम कार्रवाई के लिए उप जिला चिकित्सालय पिड़ावा ले जाया गया है। फिलहाल युवक द्वारा आत्महत्या करने के कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है, पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।
8 दिनों में ‘ट्रिपल सुसाइड’ से सहमा इलाका:
पिड़ावा क्षेत्र में पिछले कुछ दिनों से आत्महत्या की घटनाएं डरावनी रफ़्तार से बढ़ी हैं। यह महज 8 दिनों के भीतर तीसरा मामला है जहाँ किसी ने फंदे पर लटककर अपनी जान दी है:
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10 अप्रैल: पूर्व प्रधान और पूर्व सरपंच नाहर सिंह चौहान का शव बालदा गाँव में बाड़े में नीम के पेड़ से लटका मिला था। इस हाई-प्रोफाइल मामले ने पूरे जिले को चौंका दिया था।
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16 अप्रैल: कोटड़ी बायपास निवासी 25 वर्षीय सूरज मीणा ने अपने ही मकान के कमरे में साड़ी का फंदा बनाकर पंखे से लटककर आत्महत्या कर ली थी।
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18 अप्रैल (आज): अब गर्दनखेड़ी के भेरूलाल दांगी ने भी फंदे से लटककर अपनी जान दे दी।
एक के बाद एक हो रही इन घटनाओं ने समाज और प्रशासन के सामने बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर क्या वजह है कि क्षेत्र के युवा और प्रतिष्ठित लोग इस कदर मानसिक तनाव का शिकार हो रहे हैं?
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Pirawa Times विशेष: क्या डिप्रेशन की चपेट में है पिड़ावा?
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चिंताजनक आंकड़े: 8 दिन में 3 मौतें! यह केवल आंकड़े नहीं, बल्कि तीन उजड़ते हुए परिवार हैं। इनमें दो मृतक केवल 25 साल के युवा थे, जो देश और समाज का भविष्य थे।
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बढ़ता तनाव: क्या बेरोजगारी, पारिवारिक कलह या आर्थिक तंगी इन आत्महत्याओं के पीछे का कारण है? समाज को अब इस पर खुलकर बात करने की जरूरत है।
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प्रशासनिक और सामाजिक जिम्मेदारी: क्या प्रशासन या स्वास्थ्य विभाग की ओर से क्षेत्र में कोई ‘काउंसलिंग’ या ‘मेंटल हेल्थ’ जागरूकता अभियान चलाया जाएगा?
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अपील: Pirawa Times अपने पाठकों से अपील करता है कि जीवन अनमोल है। किसी भी समस्या का समाधान आत्महत्या नहीं है। यदि आप या आपका कोई परिचित तनाव में है, तो कृपया अपनों से बात करें या विशेषज्ञ की मदद लें।






