20 वार्डों की आरक्षण तस्वीर साफ, अब भाजपा-कांग्रेस में टिकट के लिए शुरू होगी असली जंग; हर गली, मोहल्ले और चाय की टपरी पर अध्यक्ष पद को लेकर चर्चाओं का दौर
पिड़ावा। नगर पालिका चुनाव 2026 को लेकर पिड़ावा की सियासत में अब असली हलचल शुरू हो गई है। नगर पालिका अध्यक्ष पद के सामान्य होने के साथ ही राजनीतिक समीकरणों ने अचानक नई करवट ले ली है। वहीं दूसरी ओर नगर पालिका के सभी 20 वार्डों के आरक्षण की तस्वीर भी साफ हो चुकी है। ऐसे में अब चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे दावेदारों की नजरें पूरी तरह राजनीतिक दलों के टिकट वितरण पर टिक गई हैं।
अध्यक्ष पद सामान्य होने की खबर सामने आते ही पिड़ावा की राजनीति में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। अब सवाल सिर्फ इतना नहीं रह गया कि कौन पार्षद बनेगा, बल्कि सबसे बड़ा सवाल यह है कि इस बार पिड़ावा नगर पालिका की कुर्सी पर आखिर किसका कब्जा होगा? यही सवाल इन दिनों शहर की हर गली, हर मोहल्ले, हर नुक्कड़ और यहां तक कि चाय की टपरी तक पर चर्चा का विषय बना हुआ है।





