पिड़ावा जैन समाज की बड़ी पहल: नवंबर 2026 में आयोजित होगा भव्य सामूहिक विवाह सम्मेलन, डॉ. अनिल ‘उपहार’ बने अध्यक्ष
पिड़ावा। सकल दिगंबर जैन समाज पिड़ावा की एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। जिसमें समाज के युवाओं के लिए एक सामूहिक विवाह सम्मेलन आयोजित करने का सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया। यह आयोजन नवंबर 2026 में पूरी भव्यता के साथ संपन्न होगा, जिसमें संपूर्ण जैन समाज का सहयोग रहेगा।
कोटड़ा खुर्द की बेटी ने रचा इतिहास: अनीता बैरागी बनीं गांव की पहली पोस्ट ग्रेजुएट (PG) छात्रा, विधायक ने दी बधाई
गरोठ। (मध्यप्रदेश) बालिका शिक्षा के क्षेत्र में गरोठ क्षेत्र के ग्राम कोटड़ा खुर्द ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। ग्राम निवासी अनीता बैरागी (पुत्री पप्पू लाल बैरागी) ने स्नातकोत्तर (PG) तक की शिक्षा पूर्ण कर ग्राम की पहली ऐसी बालिका बनने का गौरव प्राप्त किया है। अनीता की इस सफलता ने न केवल उनके परिवार, बल्कि पूरे गांव को गौरवान्वित किया है।
सफेद हाथी साबित हुई पिड़ावा की नवीन सब्जी मंडी: 50 लाख की लागत पर नगर पालिका ने फेरा पानी, अपराधियों का बना अड्डा
पिड़ावा। नगर पालिका प्रशासन की घोर लापरवाही और उदासीनता के चलते सरकार के 50 लाख रुपये मिट्टी में मिलते नजर आ रहे हैं। चंवली नदी के तट पर बनाई गई नवीन सब्जी मंडी आज अपनी बदहाली पर आंसू बहा रही है। आलम यह है कि जिस परिसर में सब्जी विक्रेताओं की चहल-पहल होनी चाहिए थी, वहां आज धूल और असामाजिक तत्वों का साम्राज्य है।
संत सेवा से मानवता का संदेश: मुनि श्री भूतबलि सागर जी महाराज के समाधि दिवस पर अस्पताल में फल वितरण
पिड़ावा। शहर में सकल दिगंबर जैन समाज द्वारा मुनि श्री भूतबलि सागर जी महाराज का द्वितीय समाधि दिवस अत्यंत भक्ति भाव और सेवा कार्यों के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर श्रद्धालुओं ने उप जिला अस्पताल व वृद्ध आश्रम पहुँचकर मरीजों की सेवा की और फल वितरित कर महाराज जी के चरणों में अपनी विनयांजलि अर्पित की।
पिड़ावा में होली की धूम: कपड़ा फाड़ होली और युवको की टोलियों ने बढ़ाया उत्साह, शहर में कई स्थानों पर हुआ होलिका दहन
पिड़ावा। बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक होली का पर्व पिड़ावा क्षेत्र में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। नगर से लेकर सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों तक धुलेंडी के अवसर पर रंगों की ऐसी बौछार हुई कि हर कोई सतरंगी रंगों में सराबोर नजर आया। इस वर्ष के उत्सव की खास बात यह रही कि समाज का हर वर्ग, चाहे वह बच्चे हों, बुजुर्ग हों या युवा, सभी ने पूरी ऊर्जा के साथ इस पर्व का आनंद लिया।












